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Tuesday, 23 July 2013

अन्तर्विरोध

मोटर साइकिल पर
लड़के से
चिपकी हुई लड़की
मुँह पर
क्यों लिपेटती है कपडा़
यदि उसे लगता है
कि वो
नहीं कर रही है
कुछ भी गलत
कि उसे है
अपने तरीके से
अपनी जिंदगी
                                      जीने का पूरा हक़

6 comments:

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    1. हार्दिक आभार सुषमा जी;-))

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  2. बहुत सही कहा. अपने हक़ और ख़ुशी की बात समझाना कई बार कठिन ही नहीं होता बल्कि असंभव होता है. शुभकामनाएँ.

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    1. सही कहा आपने लडकियों को तो अपना हक और ख़ुशी पाने के लिए अक्सर संघर्ष करना पड़ता है...आपकी आत्मिक प्रतिक्रिया और स्नेह के लिए हार्दिक आभार एवं मंगल कामनाएँ:-))

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  3. सुन्दर प्रस्तुति ....!!
    आपको सूचित करते हुए हर्ष हो रहा है कि आपकी इस प्रविष्टी की चर्चा कल बुधवार (24-07-2013) को में” “चर्चा मंच-अंकः1316” (गौशाला में लीद) पर भी होगी!
    सादर...!
    डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक'

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    1. हमारी पोस्ट को यह स्नेह देने हेतु आपका हार्दिक आभार:-))

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